शहर कोतवाली की कार्रवाई
राजनांदगांव। कोतवाली पुलिस ने शादी का झांसा देकर महिला का दैहिक शोषण करने वाले आरोपी को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया है। आरोपी पेशे से नाई है और झाड़-फूंक (बैगा) का काम भी करता है। उसने बीमारी ठीक करने के बहाने महिला से नजदीकियां बढ़ाईं और खुद को अविवाहित बताकर उसे अपने प्रेम जाल में फंसा लिया।
पुलिस से मिली जानकारी के अनुसार प्रार्थिया ने सिटी कोतवाली थाने में रिपोर्ट दर्ज कराई थी कि जून 2025 में उसकी तबीयत खराब थी। परिचितों के माध्यम से उसे तुमड़ीबोड़ निवासी गोपी श्रीवास (27) के बारे में पता चला जो झाड़-फूंक का काम करता है। इलाज के लिए जब वह आरोपी के पास गई तो आरोपी ने उसकी पूरी जानकारी ले ली।
आरोपी गोपी श्रीवास ने महिला के अकेलेपन का फायदा उठाया और बार-बार उसके घर आने-जाने लगा। उसने खुद को अविवाहित बताकर पीड़िता को शादी का प्रलोभन दिया और उसके साथ शारीरिक संबंध बनाता रहा। बाद में जब पीड़िता को पता चला कि आरोपी पहले से शादीशुदा है, तो उसने विरोध किया। इस पर आरोपी ने उससे दूरी बना ली और गाली-गलौज करते हुए जान से मारने की धमकी देने लगा। इस मामले में पीड़िता की शिकायत पर पुलिस ने आरोपी के खिलाफ बीएनएस (BNS) की धारा 296 और 351 (2) (एम) के तहत अपराध पंजीबद्ध कर, थाना प्रभारी निरीक्षक नंदकिशोर गौतम की टीम ने तुमड़ीबोड़ में दबिश दी। पुलिस ने आरोपी गोपी श्रीवास पिता परशुराम श्रीवास को तुमड़ीबोड़ से गिरफ्तार किया। पूछताछ में आरोपी ने अपना जुर्म स्वीकार कर लिया है। शनिवार 24 जनवरी 2026 को उसे न्यायालय में पेश किया गया, जहां से उसे न्यायिक रिमांड पर जेल भेज दिया गया।
इस कार्यवाही में टीआई नंदकिशोर गौतम, प्र.आर. शम्भूनाथ द्विवेदी, आरक्षक प्रयंश सिंह और लिलेन्द्र पटेल की सराहनीय भूमिका रही।
