कहा- बच्चे याद रखें कि यह जीवन की पहली परीक्षा है
राजनांदगांव। रेलवे सुरक्षा बल यानि आरपीएफ में पदस्थ निरीक्षक तरूणा साहू ने स्कूली बच्चों को परीक्षा के तनाव से बचने और परीक्षा में असफल होने पर गलत कदम नहीं उठाने की सलाह दी है। आरपीएफ निरीक्षक तरूणा साहू ने कहा कि बोर्ड एग्जाम्स होने के कारण परीक्षा का तनाव स्वाभाविक है लेकिन बच्चों को यह याद रखना चाहिए कि यह जीवन की पहली परीक्षा है और जिंदगी में हमेशा परीक्षा होती रहती है।
राजनांदगाँव रेलवे स्टेशन में पदस्थ निरीक्षक साहू ने कहा कि मुझे रेलवे स्टेशन में ड्यूटी के दौरान लगातार सूचना मिल रही है कि बहुत सारे बच्चे परीक्षा के तनाव के कारण घर से भाग रहे हैं या अपने जीवन को दाव में लगा रहे हैं। उन सभी छात्रों को मैं बताना चाहती हूं कि बोर्ड एग्जाम्स होने के कारण तनाव स्वाभाविक है लेकिन बच्चों को यह याद रखना चाहिए कि यह जीवन की पहली परीक्षा है और जिंदगी में हमेशा परीक्षा होती रहती है।
पेशे से निरीक्षक और छत्तीसगढ़ की प्रसिद्ध पंडवानी गायिका साहू ने कहा कि सभी को जीवन में अलग अलग परीक्षा का पेपर मिलता है। बोर्ड एग्जाम आपको एक प्रमाण पत्र ही दे सकता है। कम मार्क्स या तैयारी ना होने के कारण कभी भी मन में निराशा नहीं लाना चाहिए। हमेशा याद रखना चाहिए कि जितने भी महान व्यक्ति हुए हैं उनको किसी न किसी परीक्षा से गुजरना पड़ा है और उनको भी अपने जीवन में कई बार असफलता का सामना करना पड़ा है।
शहर के बसंतपुर थाने में पदस्थ निरीक्षक एमन साहू की पत्नी आरपीएफ निरीक्षक तरूणा साहू ने कहा कि आप सभी को मैं बताना चाहती हूं मैं भी छत्तीसगढ़ राज्य लोक सेवा आयोग (पीएससी) के साक्षात्कार में तीन बार असफल हुई थी। बाद में भारत सरकार द्वारा संचालित परीक्षा में सफल होकर आज आरपीएफ निरीक्षक के पद पर पदस्थ हूं। जीवन में उतार-चढ़ाव हमेशा आते रहता है। ऐसे में आप सभी परीक्षा की असफलताओं से ना घबराएं। जीवन बहुत अमूल्य है। आप सभी अपना बहुत ध्यान रखें और हमेशा अपने माता-पिता और परिवार वालों के बारे में सोचें।
