जल जीवन मिशन की हकीकत
हनईबन में पानी के लिए हाहाकार
नल जल योजना के तहत गावो में पाइप लाइन का विस्तार किया गया, लेकिन नलों में नही आ रही प्रेशर
राजनांदगाँव/गंडई पंडरिया। केंद्र सरकार की महत्वाकांक्षी योजना ‘जल जीवन मिशन’ (हर घर जल) छत्तीसगढ़ केसीजी जिला के हनईबन ग्राम पंचायत में अपनी लापरवाही और धीमी गति की ‘अधूरी कहानी’ बयां कर रही है। लाखों रुपये की लागत से बनी पानी की टंकी तीन साल से अधिक समय बीत जाने के बाद भी अधूरी पड़ी है, जिसके कारण यह जर्जर होने लगी है और लगभग ₹84.48 लाख की यह परियोजना ग्रामीणों के लिए कोई लाभ नहीं दे पा रही है।
मौके पर लगी सूचकांक बोर्ड के अनुसार, ‘हनईबन (आंशिक) रेट्रोफिटिंग नलजल प्रदाय योजना’ को 5 जून 2021 को स्वीकृति मिली थी। इसका ठेका मेसर्स साईं श्रीराम बिल्डर्स, रायपुर (छ.ग.) को दिया गया था।
ग्राम के सरपंच रोहित साहू और वार्ड 6 के पंच श्यामसुंदर साहू ने पुष्टि की है कि ठेकेदार की लापरवाही के कारण टंकी का निर्माण आज भी अधूरा है। टंकी परिसर में ज़मीन की फ्लोरिंग और पानी के लिए आवश्यक चैंबर तक नहीं बनाया गया है। सप्लाई के लिए लगी वाल अब कीचड़ में धसने लगी हैं, और कार्य अधूरा होने के चलते इस टंकी को आज तक पंचायत के हैंडओवर नहीं किया गया है। इसके चलते गांव के किसी भी घर में पानी की सप्लाई शुरू नहीं हुई है, जिससे ग्रामीण तीन सालों से शुद्ध पेयजल से वंचित हैं।
सुरक्षा पर गंभीर चिंता
अधूरी टंकी की सुरक्षा अब एक गंभीर चिंता का विषय बन गई है। टंकी के बाउंड्रीवाल का गेट खुला है, जिससे कोई भी व्यक्ति आसानी से ऊपर चढ़ सकता है। स्थानीय जनप्रतिनिधियों और ग्रामीणों ने आशंका जताई है कि असुरक्षित स्थिति के कारण कोई भी अनहोनी या आत्महत्या जैसा गंभीर हादसा हो सकता है, जिससे बड़ी त्रासदी की आशंका बनी हुई है।
जनप्रतिनिधियों ने शासन-प्रशासन से तत्काल इस मामले में हस्तक्षेप करने और लाखों रुपये खर्च होने के बावजूद अधूरी पड़ी इस टंकी को जल्द पूर्ण करने की मांग की है, ताकि हनईबन की आम जनता को पीने का पानी उपलब्ध हो सके।
लोक स्वास्थ्य यांत्रिकी विभाग, छुईखदान के एसडीओ दिनेश सिंग ने बताया कि सम्बंधित ठेकेदार को जल्द काम प्रारंभ करने को कहा गया है और जल्द ही कार्य पूर्ण किया जाएगा। उन्होंने सुरक्षा के मुद्दे पर कहा कि गेट पर ताला लगाया गया था, परंतु असामाजिक तत्वों द्वारा तोड़ दिया गया होगा, पुनः ताला लगवाया जाएगा।
ग्रामीण एवं पंच श्यामसुंदर साहू का कहना है कि तीन साल पहले लाखों रुपए की लागत से पानी टंकी का निर्माण विभाग द्वारा कराया गया था, जो अब तक पूरा नहीं हुआ है, जिससे ग्रामीणों को पर्याप्त पानी नहीं मिल पा रहा है। इस ओर शासन प्रशासन को पहल करना चाहिए, ताकि ग्रामीणों को पेयजल संबंधी दिक्कत न हो।
