स्वयंसेवकों में दिखा शताब्दी वर्ष का उत्साह
राजनांदगाँव। राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ द्वारा अपनी स्थापना का शताब्दी वर्ष मनाया जा रहा है। वर्ष 1925 में आरएसएस की स्थापना हुई थी । इस वर्ष संघ के 100 वर्ष पूरे हुए जिसको लेकर संघ के कार्यकर्ताओं में काफी उत्साह नजर आ रहा है। एक तरफ प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी द्वारा इस शताब्दी वर्ष पर डाक टिकट और सिक्का जारी किया गया है तो वहीं दूसरी और शहर के विभिन्न शाखाओं द्वारा पथ संचलन कर कदमताल करते हुए लोगों में राष्ट्रप्रेम का संदेश दिया जा रहा है।
राष्ट्र की सेवा में समर्पित आरएसएस की शताब्दी वर्षगांठ पर इसे काफी उत्साह से मनाने के लिए कार्यकर्ताओं द्वारा अलग-अलग क्षेत्र में आयोजन किया जा रहा है। इसी कड़ी में शहर के गंज चौक, दीनदयाल नगर, चिखली, बलदेव बाग और गांधी सभागृह से आरएसएस के कार्यकर्ताओं द्वारा पथ संचलन किया गया।
एकता और अनुशासन का प्रदर्शन
शहर के अलग-अलग क्षेत्र में हुए इन आयोजनों में विभिन्न अतिथि शामिल हुए। शहर के गंज स्थित आयोजन में भीसन अग्रवाल मुख्य अतिथि के तौर पर शामिल रहे । इस दौरान आरएसएस कार्यकर्ताओं ने विधि विधान से पूजा अर्चना की और इसके बाद ध्वज वंदना की गई। शहर में कदमताल करते हुए राष्ट्र की एकता, देश प्रेम और अनुशासन एवं कर्तव्य निष्ठा को प्रदर्शित किया गया।
दुर्गावाहिनी का 90 वर्ष
शहर के गांधी सभागृह से आरएसएस की दुर्गावाहिनी की महिलाओं ने भी पथ संचलन किया। दुर्गा वाहिनी की डॉ उषा मिश्रा ने बताया कि इस वर्ष आरएसएस की स्थापना के 100 वर्ष पूरे हो रहे हैं, तो वहीं दुर्गा वाहिनी के 90 वर्ष पूरे होंगे जिसको लेकर काफी उत्साह है। उन्होंने कहा कि लोगों में राष्ट्र की भावना जागृत करने के लिए पथ संचलन का आयोजन किया गया है। दुर्गा वाहिनी की नारी शक्तियों द्वारा निकाली गई पथ संचलन गुरुद्वारा चौक से गांधी चौक, गुड़ाखू लाइन, जूनीहटरी होते हुए जयस्तम चौक से वापस गांधी सभागृह पहुंचकर संपन्न हुई।
